'छात्र पक्ष या विपक्ष के नहीं'; दिल्ली में प्रदर्शन के बीच NEET छात्रों से मिले पंकज चौधरी, संदेश क्या है

Pankaj Chaudhary NEET Student Meeting

Pankaj Chaudhary NEET Student Meeting

Pankaj Chaudhary NEET Student Meeting: दिल्ली में जंतर-मंतर पर नीट पेपरलीक को लेकर चल रहे आंदोलन के बीच प्रदेश भाजपा अध्यक्ष एवं केन्द्रीय वित्त राज्यमंत्री पंकज चौधरी ने शुक्रवार को नीट परीक्षा में सफल विद्यार्थियों एवं उनके अभिभावकों से भेंट की। चौधरी ने अपने राजधानी लखनऊ स्थित आवास पर नीट क्वालीफाइड छात्रों का स्वागत किया। उनकी सफलता पर बधाई एवं शुभकामनाएं देते हुए कहा कि छात्र ही राष्ट्र की सबसे बड़ी शक्ति है। इसे नीट पेपरलीक के मद्देनज़र डैमेज कंट्रोल के रूप में देखा जा रहा है।

पंकज चौधरी ने कहा कि देश के भविष्य के निर्माता हैं। उन्होंने कहा कि छात्र किसी पक्ष व विपक्ष के नहीं होते, बल्कि उनका एक मात्र ध्येय अपने लक्ष्य को प्राप्त करना और राष्ट्र के विकास में अपनी रचनात्मक भूमिका सुनिश्चित करना होता है। उन्होंने कहा कि युवाओं के भविष्य के साथ, देश के भविष्य के साथ राजनीति नहीं होनी चाहिए बल्कि सकारात्मकता के साथ समाधान खोजे जाने चाहिए। प्रदेश भाजपा अध्यक्ष ने कहा कि सरकार की प्रतिबद्धता है कि युवाओं के साथ खिलवाड़ करने वाले किसी भी व्यक्ति को बक्शा नहीं जाएगा। उन्होंने कहा कि पेपर लीक एक समस्या है। पिछली सरकारों के समय में भी दर्जनों पेपर लीक हुए हैं लेकिन मोदी सरकार में परीक्षा को लीक पू्रफ बनाने के लिए कड़े कानूनी और प्रशासनिक कदम उठाये हैं।

नीट सहित अन्य विषयों पर हो सदन में चर्चा

चौधरी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने निर्णय लिया है कि पेपर लीक के सभी मामलों में दोषियों को कठोर दण्ड देने के लिए व केस के त्वरित निस्तारण के लिए फास्ट टैªक कोर्ट का गठन किया जाएगा। विद्यार्थियों के हितों को सुरक्षित रखने के लिए सरकार द्वारा निर्णयों की श्रृंखला में यह एक महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने कहा कि नीट सहित अन्य विषयों पर भी सदन में चर्चा होनी चाहिए और सभी का प्रयास समस्या के समाधान का होना चाहिए। छात्रों और उनसे जुड़े किसी भी मुद्दे का राजनीतिकरण और अराजकता नहीं होनी चाहिए। इस दौरान प्रदेश उपाध्यक्ष नीरज सिंह एवं लखनऊ महानगर अध्यक्ष आनंद द्विवेदी उपस्थित रहे।

सरकार और सीजेपी के बीच बैठक बेनतीजा, कल फिर बात होगी

वहीं नीट पेपर लीक मुद्दे पर काकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) और केंद्र सरकार के बीच शुक्रवार को हुई बातचीत बेनतीजा रही। सीजेपी शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे पर अड़ी हुई है जबकि सरकार इसके लिए कतई तैयार नहीं है। हालांकि दोनों पक्ष इस बात पर राजी हुए हैं कि शनिवार को फिर से बातचीत करेंगे। मेंदाता अस्पताल में गुरुवार देर रात सोनम वांगचुक द्वारा 26 दिन का अनशन तोड़े जाने, उससे पहले सरकार द्वारा पेपर लीक के मुकदमों की सुनवाई के लिए त्वरित अदालतों का गठन और मध्य रात्रि में प्रधानमंत्री द्वारा पेपर लीक रोकने के लिए कड़े कानून बनाए जाने के वीडियो के जरिये ऐलान के बाद बैठक को बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा था। लेकिन यह किसी नतीजे पर नहीं पहुंच सकी।